व्यक्तित्व विकास के नौ सफल साधन



 Philip Andrew जो Personal Success और Development के एक expert हैं, ने अपनी पुस्तक 9 Success Factors for Personal Growth में व्यक्तिगत विकास के लिए नौ तथ्यों को बतलाया है जिसे आप समझकर और अपने जीवन में उतारकर स्वयं का विकास कर सफल हो सकते हैं । 


ये 9 factors निम्नलिखित हैं- -
  1. Education ( शिक्षा),
  2. Skill  (कौशल ),
  3. Contacts (संपर्क),
  4. Money (धन),
  5. Good Work Habits ( काम करने की अच्छी आदतें),
  6. Positive Mental Attitude (सकारात्मक मानसिक अभिवृत्ति)
  7. Positive Image (सकारात्मक छवि) 
  8. Creativity (सृजनशीलता) और
  9. Character (चरित्र).
1. Education (शिक्षा) - -  हमारे समाज में यह उसूल है कि आप जिस अनुपात में समाज को अपना Value provide करते हैं, समाज भी आप को उसी अनुपात में paid करती है । Value provide करने के लिए सबसे पहले आपको स्वयं में Value add करना पड़ेगा । स्वयं को Valuable बनाने के लिए आपको पढ़ना पड़ेेेेगा। Simple सा नियम है कि "To earn more, you must learn more." अतः आप को अपने intellectual capital अवश्य बढ़ाते रहना चाहिए । आज साारी दुुनियाँ सिमटती जा रही है और लोग एक दूसरे के संपर्क में आ रहे हैं । और, संपर्क भाषा के रुप में अंग्रेजी का कोई विकल्प नहीं है । इसलिए  अपने शैैैक्षणिक, सामाजिक और आर्थिक उन्नति के लिए अंग्रेजी भाषा का अच्छा ज्ञान  होना चाहिए ।
1. Skill(कौशल) - -     आप चाहे जिस क्षेत्र में भी काम करते हों, आप अपने study और experience से अपना Skill को बढातेे रहें । यही skill आपके कार्य क्षमता को बढ़़ायेेेगा । फलतः आपकी आमदनी बढ़ती जायेगी ।
3. Contacts(संपर्क) - -   आप सफल होना चाहते हैं और यह सफलता आपको तो लोग  ही दिलाायेगी । इसलिए  हर सम्भव तरीके से आपको अपने Contacts को बढ़ाते रहना चाहिए, तााकि वे आपको समय पर Support करें ।
4. Money(धन)- - बिना पर्याप्त धन के आप कभी भी आजादी महसूूूस नहीं कर सकते हैं । हर संभव तरीके से अपने आमदनी के स्रोत को बढ़ाते रहें । हमेेशा अपने बैैंक अकाउंट में कुछ न कुछ रुपये जरुर रखें ताकि समय पर आप को काम आये ।
5. Good work habits (काम करने की अच्छी आदतें) -- कम समय में अपने काम को समाप्त करना ही काम करने की अच्छी आदत है । इसके लिए आपको काम शुरू करने से पहले अच्छी तरह से सोचकर अपनी प्राथमिकता तय कर लेनी चाहिए । सबसे महत्वपूर्ण काम को पहले करके अपनी उत्पादकता और प्रभाव को बढ़ाते रहें । एक समय में अपना ध्यान उसी काम पर केन्द्रित करें जिसे आप करतें हैं ।
 6. Positive Mental Attitude(सकारात्मक मानसिक अभिवृत्ति)- -  Positive Mental Attitude आप के द्वारा लिया गया निर्णय है । आप वहीी बन जाते हैं जो आप करते हैं । यदि आप सकारात्मक, आत्मविश्वासी और आशावादी लोगों के सम्पर्क मेंं रहते हैं,तो  तो धीरे- धीरे आप भी उनमें से एक हो जायेेंगे। आप हरेेेक परिस्थिति में अच्छा देखने की आदत डालिए और आशान्वित होकर आगे बढ़ते रहिए।
7. Positive Image (सकारात्मक छवि) --  अपने छवि को सकारात्मक बनाईये । अपने कपड़े़, अपने सजने- सवॅरने का तरीका और अपने सामान से लोगों को प्रभावित करें । यदि आप किसी से मिलते हैं और वह आपका मदद करना चाहता है, तो आप से प्रभावित होकर आप को मदद करनेे के लिए तैयार हो जाये ।
8. Creativity(सृजनशीलता) - -  भाग्य बदलने के लिए एक idea ही काफी होता है । इसलिए आप को बेहतर, तीव्रतर, ज्यादा आसान और ज्यादा सस्ते रास्ते का तालाश करते रहना चाहिए ।
8. Character(चरित्र) - -  कहा गया है कि " Character is loss, everything is loss." एक चरित्रवान आदमी जिसके कथनी और करनी समानता हो, लोग उसी पर विश्वास करते हैं । और, लोगों का विश्वास ही आपको अपना मुकाम तक पहुंचाती है। अतएव स्वयं को अनुशासित करके चरित्रवान बनें । फिर देखिए, किस तरह सफलता आपके द्वार आती रहेगी। 



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